टूटी मीटर सील या कटी केबल पर उपभोक्ताओं को राहत, अब सीधे बिजली चोरी का मुकदमा नहीं

पावर कॉरपोरेशन का नया निर्देश – पहले होगी तकनीकी जांच, तभी तय होगी जिम्मेदारी

लखनऊ। प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं के लिए बड़ी राहत की खबर सामने आई है। अब यदि किसी घर या प्रतिष्ठान के बिजली मीटर की सील टूटी मिलती है या केबल कटी हुई पाई जाती है, तो उसे सीधे बिजली चोरी नहीं माना जाएगा। उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPPCL) ने इस संबंध में नया निर्देश जारी कर दिया है।

पावर कॉरपोरेशन के नए निर्देशों के अनुसार, ऐसी स्थिति में सबसे पहले तकनीकी जांच कराई जाएगी। जांच में यह देखा जाएगा कि मीटर सील टूटने या केबल कटने की वजह क्या है—तकनीकी खराबी, बाहरी छेड़छाड़ या किसी अन्य कारण से नुकसान हुआ है। बिना ठोस प्रमाण के अब उपभोक्ता पर बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज नहीं किया जाएगा।

उपभोक्ताओं को मिलेगी राहत

अब तक कई मामलों में मीटर की सील टूटने या सर्विस केबल में गड़बड़ी मिलने पर सीधे उपभोक्ता पर बिजली चोरी का आरोप लगा दिया जाता था। इससे उपभोक्ताओं को भारी जुर्माना और कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ता था। नए नियम के बाद अब पहले विभागीय जांच अनिवार्य होगी।

नई प्रक्रिया क्या होगी

बिजली विभाग के अधिकारियों के अनुसार, यदि मीटर की सील टूटी या केबल कटी पाई जाती है तो मौके पर निरीक्षण टीम तकनीकी रिपोर्ट तैयार करेगी।

  • जांच में यदि तकनीकी खराबी या बाहरी कारण पाया गया तो उपभोक्ता पर कोई कार्रवाई नहीं होगी।
  • यदि जांच में जानबूझकर छेड़छाड़ के प्रमाण मिलते हैं तभी बिजली चोरी की कार्रवाई की जाएगी।

बिजली चोरी पर सख्ती जारी

हालांकि पावर कॉरपोरेशन ने साफ किया है कि बिजली चोरी पर कार्रवाई पहले की तरह सख्त रहेगी। जिन मामलों में मीटर से छेड़छाड़ या अवैध कनेक्शन के पुख्ता सबूत मिलेंगे, उनके खिलाफ विद्युत अधिनियम की धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी।

उपभोक्ता अधिकारों की सुरक्षा

ऊर्जा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इस फैसले का उद्देश्य ईमानदार उपभोक्ताओं को अनावश्यक परेशानियों से बचाना है। कई बार तकनीकी कारणों से मीटर की सील या केबल खराब हो जाती है, लेकिन उसका दोष उपभोक्ता पर डाल दिया जाता था।

UPPCL MEDIA का मानना है कि बिजली विभाग के इस फैसले को उपभोक्ता हित में बड़ा कदम माना जा रहा है। इससे जहां गलत कार्रवाई पर रोक लगेगी, वहीं वास्तविक बिजली चोरी के मामलों में जांच और भी मजबूत होगी।

  • UPPCL MEDIA

    "यूपीपीसीएल मीडिया" ऊर्जा से संबंधित एक समाचार मंच है, जो विद्युत तंत्र और बिजली आपूर्ति से जुड़ी खबरों, शिकायतों और मुद्दों को खबरों का रूप देकर बिजली अधिकारीयों तक तक पहुंचाने का काम करता है। यह मंच मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश में बिजली निगमों की गतिविधियों, नीतियों, और उपभोक्ताओं की समस्याओं पर केंद्रित है।यह आवाज प्लस द्वारा संचालित एक स्वतंत्र मंच है और यूपीपीसीएल का आधिकारिक हिस्सा नहीं है।

    OTHER UPPCL MEDIA PLATFORM NEWS

    बीकेटी क्षेत्र में बिजली व्यवस्था सुधार को लेकर जनप्रतिनिधि की अधिकारियों संग बैठक, नवंबर तक सभी कार्य पूरे करने का आश्वासन

    बीकेटी क्षेत्र में बिजली व्यवस्था सुधार को लेकर जनप्रतिनिधि की अधिकारियों संग बैठक, नवंबर तक सभी कार्य पूरे करने का आश्वासन 173 स्थानों पर ट्रांसफार्मर क्षमता वृद्धि, नए फीडर, निर्बाध…

    विधायक डॉ. नीरज बोरा को बिजली विकास कार्यों की दी गई विस्तृत जानकारी, बिजनेस प्लान और RDSS परियोजनाओं की हुई समीक्षा

    बिजनेस प्लान 2025-26 के कार्यों की प्रगति और 2026-27 की योजनाओं पर हुई चर्चा, उपभोक्ताओं को मिलने वाले लाभों से कराया अवगत लखनऊ। दिनांक 14 जुलाई 2026 को लखनऊ उत्तर…

    फर्जी आवेदक बनकर इंजीनियरों को फंसाने वाला कथित ब्लैकमेल गैंग बेनकाब! मसौली पुलिस की गिरफ्त में पहुंचे दो आरोपी, अब खुलेगा ‘फर्जी पत्रकारिता’ का खेल?

    फर्जी आवेदक बनकर इंजीनियरों को फंसाने वाला कथित ब्लैकमेल गैंग बेनकाब! मसौली पुलिस की गिरफ्त में पहुंचे दो आरोपी, अब खुलेगा ‘फर्जी पत्रकारिता’ का खेल?

    75 KW का जबरन कनेक्शन, 5 लाख का बिल और कटी हुई लाइन! कुशीनगर में किसके इशारे पर चल रहा बिजली विभाग का खेल?

    75 KW का जबरन कनेक्शन, 5 लाख का बिल और कटी हुई लाइन! कुशीनगर में किसके इशारे पर चल रहा बिजली विभाग का खेल?

    सुबह 4 बजे बिजली चोरों पर छापा, रेड टीम की बड़ी कार्रवाई

    सुबह 4 बजे बिजली चोरों पर छापा, रेड टीम की बड़ी कार्रवाई

    ⚡ गोरखपुर में बिजली विभाग के खिलाफ किसानों का हल्लाबोल, स्मार्ट मीटर से लेकर नंगे तारों तक उठे सवाल

    ⚡ गोरखपुर में बिजली विभाग के खिलाफ किसानों का हल्लाबोल, स्मार्ट मीटर से लेकर नंगे तारों तक उठे सवाल

    संविदाकर्मी पर मेहरबानी या सिस्टम की मिलीभगत? जानकीपुरम में ‘डुअल रोल’ का बड़ा खेल उजागर

    संविदाकर्मी पर मेहरबानी या सिस्टम की मिलीभगत? जानकीपुरम में ‘डुअल रोल’ का बड़ा खेल उजागर

    गोंडा में हाईटेंशन तार बना मौत का जाल: 10 साल की अनदेखी ने ली पत्रकार की जान, यूपीपीसीएल की लापरवाही पर उठा बड़ा सवाल

    गोंडा में हाईटेंशन तार बना मौत का जाल: 10 साल की अनदेखी ने ली पत्रकार की जान, यूपीपीसीएल की लापरवाही पर उठा बड़ा सवाल
    WhatsApp icon
    UPPCL MEDIA
    Contact us!
    Phone icon
    UPPCL MEDIA
    Verified by MonsterInsights