वाराणसी। उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन की विद्युत वितरण व्यवस्था को अधिक सुदृढ़ और उपभोक्ता हितैषी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। विद्युत आपूर्ति की गुणवत्ता में सुधार और बढ़ते लोड के बेहतर प्रबंधन के लिए वाराणसी में 106 नए बिजली फीडरों के निर्माण को मंजूरी मिल गई है।
मुख्य अभियंता अनिल कुमार वर्मा के अनुसार, घरेलू एवं व्यावसायिक विद्युत कनेक्शनों की लगातार बढ़ती संख्या के कारण कई पुराने फीडर अपनी क्षमता से अधिक लोड वहन कर रहे थे। इसके चलते कई क्षेत्रों में लो-वोल्टेज, ओवरलोडिंग और बार-बार ट्रिपिंग जैसी समस्याएं सामने आ रही थीं। इन चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए आधुनिकीकरण योजना के तहत नए फीडरों का निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया गया है।
यह नए फीडर काशीपुर, गंजारी, रोहनिया, लोहता, शिवपुर, भेलूपुर, मंडुवाडीह, डाफी सहित विभिन्न शहरी एवं ग्रामीण विद्युत उपकेंद्रों पर स्थापित किए जाएंगे। योजना पूरी होने के बाद लगभग 63 हजार उपभोक्ताओं को सीधे तौर पर लाभ मिलेगा।
विभाग का मानना है कि नए फीडर शुरू होने से विद्युत भार का संतुलित वितरण होगा, ट्रिपिंग की घटनाओं में कमी आएगी, लो-वोल्टेज की समस्या दूर होगी तथा नए विद्युत कनेक्शन जारी करने में भी सुविधा मिलेगी। इससे उपभोक्ताओं को अधिक विश्वसनीय और गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति उपलब्ध कराई जा सकेगी।
यूपीपीसीएल मीडिया की राय:
बढ़ती बिजली मांग के अनुरूप समय पर वितरण नेटवर्क का विस्तार करना आवश्यक है। नए फीडरों के निर्माण से न केवल वर्तमान उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी, बल्कि भविष्य की मांग को भी बेहतर तरीके से पूरा किया जा सकेगा। यदि निर्माण कार्य निर्धारित समय में पूरा होता है, तो वाराणसी की विद्युत व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक मजबूत और भरोसेमंद बनने की उम्मीद है।








