ओटीएस अभियान में लापरवाही पर बड़ी कारवाई, मदद न करने पर अवर अभियंता सहित उपखण्ड अधिकारी हुए निलंबित

उत्तर प्रदेश में बिजली बिल बकायादारों के लिए चलाई गई ओटीएस योजना खत्म होने वाली है लेकिन इस योजना में लोगों का सहयोग नहीं करने पर अभियंता और अव्र अभियंता को निलंबित करने का आदेश जारी हुआ है चलिए जानते हैं…

एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) में वांछित सहयोग नहीं करने और कम राजस्व वसूली के कारण जनपद के एक सहायक अभियंता और अवर अभियंता को निलंबित कर दिया गया है।

आठ अवर अभियंताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। साथ ही चार अवर अभियंताओं का आरोप पत्र भी जारी किया जा चुका है। इस विभागीय कार्रवाई से मिर्जापुर विद्युत वितरण मंडल में खलबली पैदा हो गई है।

विद्युत बिलों के बकाया जमा कराने,विद्युत चोरी के प्रकरण को एकमुश्त धनराशि जमकार समाप्त करने की गरज से उप्र पॉवर कारपारेशन ने नवंबर से ओटीएस की शुरूआात की, इसके साथ ही मुख्य अभियंता ,अधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंता से लेकर अवर अभियंता तक की जिम्मेदारी तय करते हुए ओटीएस का प्रचार-प्रसार कर बकाया जमा कराने,चोरी के मामलों का 65 प्रतिशत जमा करवा कर समाधान कराने का लक्ष्य दिया।

आरोप है कि 30 नवंबर को ओटीएस के प्रथम चरण के समाप्ति के बाद उपखंड अधिकारी कछवां, अवर अभियंता हलिया की उपलब्धि आशा के अनुरूप नहीं होने पर उन्हें निलंबित कर दिया गया है।

मिर्जापुर विद्युत वितरण मंडल के अधीक्षण अभियंता रामबुझारत को कारण बताओ नोटिस जारी के उपरान्त बताया कि ओटीएस में अपेक्षित सहयोग नहीं करने पर आठ अवर अभियंताओं को कारण बताओ नोटिस जारी की गई है, संतोष जनक जवाब नहीं मिलने पर कार्रवाई भी की जा सकती है। इसी तरह चार अन्य अवर अभियंताओं को आरोप पत्र भी जारी किया गया है।

एकमुश्त समाधान योजना बकाया विद्युत बिल जमा करने के लिए उपभोक्ताओं के लिए सबसे अच्छा मौका है। उपखंड अधिकारी, अवर अभियंता को इसका प्रचार-प्रसार कर उपभोक्ताओं से राजस्व वसूली करने की जिम्मेदारी है। योजना के तहत महत्वपूर्ण कार्य में लापरवाही बरतने पर कार्रवाई निश्चित है।

  • UPPCL MEDIA

    "यूपीपीसीएल मीडिया" ऊर्जा से संबंधित एक समाचार मंच है, जो विद्युत तंत्र और बिजली आपूर्ति से जुड़ी खबरों, शिकायतों और मुद्दों को खबरों का रूप देकर बिजली अधिकारीयों तक तक पहुंचाने का काम करता है। यह मंच मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश में बिजली निगमों की गतिविधियों, नीतियों, और उपभोक्ताओं की समस्याओं पर केंद्रित है।यह आवाज प्लस द्वारा संचालित एक स्वतंत्र मंच है और यूपीपीसीएल का आधिकारिक हिस्सा नहीं है।

    OTHER UPPCL MEDIA PLATFORM NEWS

    ⚡ 40 हजार की रिश्वत लेते बिजली विभाग का JE और संविदाकर्मी गिरफ्तार

    एंटी करप्शन टीम की कार्रवाई से मचा हड़कंप, विभाग में खलबली संवाद सूत्र, शिकोहाबाद (फिरोजाबाद) बिजली चोरी का मुकदमा समाप्त करने के नाम पर 40 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए…

    राष्ट्रीय विद्युत नीति–2026 का मसौदा जारी, बिजली क्षेत्र में बड़े बदलाव की तैयारी

    नई दिल्ली। विद्युत मंत्रालय ने राष्ट्रीय विद्युत नीति–2026 का नया मसौदा जारी कर दिया है। इस नीति का उद्देश्य विकसित भारत–2047 के लक्ष्य को साकार करने के लिए देश के…

    ⚡ शमशाबाद में खंभा कट गैंग का तांडव – 33 केवी लाइन पर चली आरी, पुलिस गश्त पर उठे सवाल

    ⚡ शमशाबाद में खंभा कट गैंग का तांडव – 33 केवी लाइन पर चली आरी, पुलिस गश्त पर उठे सवाल

    Protected: जानकीपुरम ज़ोन के जीपीआरए उपकेंद्र में नियमों की खुलेआम धज्जियाँ, वर्षों से चल रहा था ‘डुअल जॉब’ का खेल

    Protected: जानकीपुरम ज़ोन के जीपीआरए उपकेंद्र में नियमों की खुलेआम धज्जियाँ, वर्षों से चल रहा था ‘डुअल जॉब’ का खेल

    सिस्टम पर उठे गंभीर सवाल-बिना अफसर—बिना आदेश—खुद बन बैठे ‘चेकिंग अधिकारी’

    सिस्टम पर उठे गंभीर सवाल-बिना अफसर—बिना आदेश—खुद बन बैठे ‘चेकिंग अधिकारी’

    बिजली चोरी निरोधक थाने के इंस्पेक्टर ₹5,000 की रिश्वत लेते रंगे हाथ हुए गिरफ्तार

    बिजली चोरी निरोधक थाने के इंस्पेक्टर ₹5,000 की रिश्वत लेते रंगे हाथ हुए गिरफ्तार

    EXCLUSIVE — यूपीपीसीएल का “मीटर माफिया” कांड! अमेठी में फूटी बिजली व्यवस्था की पोल – मीटर, केबिल समेत पूरा सेटअप गायब!

    EXCLUSIVE — यूपीपीसीएल का “मीटर माफिया” कांड! अमेठी में फूटी बिजली व्यवस्था की पोल – मीटर, केबिल समेत पूरा सेटअप गायब!

    तत्कालीन जेई-लाइनमैन के फर्जी केस का भंडाफोड़ — कोर्ट ने 17 साल बाद खोला विभागीय खेल

    तत्कालीन जेई-लाइनमैन के फर्जी केस का भंडाफोड़ — कोर्ट ने 17 साल बाद खोला विभागीय खेल
    WhatsApp icon
    UPPCL MEDIA
    Contact us!
    Phone icon
    UPPCL MEDIA
    Verified by MonsterInsights