अधिकारियों का ब्राटिंग व टीएफआर में फर्जी हस्ताक्षर कर अस्थाई संयोजन का बिल फाइनल किए बगैर दिया नियमित कनेक्शन

लखनऊ। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड अंतर्गत जानकीपुरम जोन, लेसा अधीनस्थ बख्शी तालाब डिवीजन अंतर्गत न्यू कैंपस उप केंद्र में अवर अभियंता व उपखंड अधिकारी का फर्जी हस्ताक्षर का बकाया पर संयोजन देने का मामला आया प्रकाश में…

  • जी हां आपने सही सुना… यह कारनामा किसी संविदा कर्मचारियों ने नहीं किया बल्कि नियमित रूप से कार्य करने वाले एक टीजी 2 कर्मचारी का है यह कारनामा…
  • उक्त कर्मचारी अस्थाई संयोजन में लगे मीटर की हुए ब्राटिंग में लगाया गया फर्जी रिपोर्ट …
  • उक्त प्रकरण कमलाबाद बढौली, बीकेटी निवासी वीरेंद्र कुमार यादव का है … उसका अकाउंट नंबर 9137561618 हैं….
  • हैरानी कभी से यह है कि लगभग सभी उच्च अधिकारियों को है उक्त कारनामों की जानकारी… फिर भी है चुप्पी… आखिर क्यों?
  • अस्थाई संयोजन का फाइनल बिल न जमा करके नए संयोजन पर लगाया फर्जी तरीके से टीएफआर
  • उक्त टीएफआर में भी न्यू कैंपस उप केंद्र में अवर अभियंता व उपखंड अधिकारी का बनाया फर्जी हस्ताक्षर
  • उपरोक्त कारनामा करने वाला न्यू कैंपस पावर हाउस अंतर्गत तिवारीपुर गांव पांडे एंक्लेव में हाल में आलीशान मकान
  • प्राप्त जानकारी के अनुसार अभी तक किसी भी सरकारी बिजली निगम के कर्मचारी/ अधिकारी नहीं खरीद सके हैं इस प्रकार के आलीशान मकान

“यूपीपीसीएल मीडिया” की टीम लगातार तलाश कर रहा है उक्त मामले का मुख्य आरोपी… जल्द उसका चेहरा होगा बेनकाब

  • UPPCL MEDIA

    "यूपीपीसीएल मीडिया" ऊर्जा से संबंधित एक समाचार मंच है, जो विद्युत तंत्र और बिजली आपूर्ति से जुड़ी खबरों, शिकायतों और मुद्दों को खबरों का रूप देकर बिजली अधिकारीयों तक तक पहुंचाने का काम करता है। यह मंच मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश में बिजली निगमों की गतिविधियों, नीतियों, और उपभोक्ताओं की समस्याओं पर केंद्रित है।यह आवाज प्लस द्वारा संचालित एक स्वतंत्र मंच है और यूपीपीसीएल का आधिकारिक हिस्सा नहीं है।

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